सरकार प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त बनाने का दावा कर रही है, लेकिन दिनेशपुर नगर पंचायत के वार्ड नंबर-1 में रोड खस्ताहाल है.![]()
रुद्रपुर: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त बनाने का दावा किया है, लेकिन जमीनी हकीकत कई स्थानों पर इन दावों से मेल नहीं खाती. उधम सिंह नगर जिले की गदरपुर विधानसभा के अंतर्गत आने वाली दिनेशपुर नगर पंचायत के वार्ड नंबर-1 (प्लांटेशन क्षेत्र) में लगभग एक किलोमीटर लंबी मुख्य सड़क वर्षों से जर्जर अवस्था में पड़ी है. जिससे स्थानीय लोगों को रोजाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि चुनाव से पहले सड़क का निर्माण नहीं कराया गया, तो वे आगामी विधानसभा चुनाव में मतदान का बहिष्कार करेंगे.
स्थानीय निवासी मनोज सरकार और देवल सरकार का कहना है कि यह सड़क अब सड़क कम और गड्ढों से भरा तालाब अधिक दिखाई देती है. बरसात के दिनों में गड्ढों में पानी भर जाने से राहगीरों के लिए खतरा और बढ़ जाता है. आए दिन ई-रिक्शा, मोटरसाइकिल और अन्य छोटे वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं. कई लोग चोटिल हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद सड़क की मरम्मत या निर्माण को लेकर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई.
ग्रामीणों का आरोप है कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि विकास के बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन चुनाव समाप्त होने के बाद जनता की समस्याओं को भुला दिया जाता है. लोगों का कहना है कि सड़क जैसी बुनियादी सुविधा के लिए उन्हें वर्षों से इंतजार करना पड़ रहा है. क्षेत्रीय विधायक अरविंद पांडे इस सड़क का दो बार शिलान्यास कर चुके हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब आठ वर्ष बीत जाने के बाद भी सड़क का निर्माण शुरू नहीं हो सका. इससे क्षेत्रवासियों में गहरा असंतोष व्याप्त है, अब लोगों का धैर्य जवाब देने लगा है.
वार्ड नंबर-1 के निवासियों ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि चुनाव से पहले सड़क का निर्माण नहीं कराया गया, तो वे आगामी विधानसभा चुनाव में मतदान का बहिष्कार करेंगे. उनका कहना है कि “रोड नहीं तो वोट नहीं” अब केवल नारा नहीं, बल्कि उनका जनआंदोलन बन चुका है. स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क खराब होने के कारण बच्चों को स्कूल जाने, मरीजों को अस्पताल पहुंचाने और किसानों को अपनी उपज बाजार तक ले जाने में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. लंबे समय से चली आ रही इस समस्या ने लोगों के दैनिक जीवन को प्रभावित किया है.
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