मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तीन हवाई सेवाओं की वर्चुअल शुरुआत की। उन्होंने कहा कि हवाई व हेली सेवाएं राज्य के विकास में मील का पत्थर साबित होने जा रही हैं। प्रदेश सरकार उड़ान योजना के तहत 18 स्थानों पर हेलीपोर्ट का निर्माण कर रही है। उन्होंने कहा कि तीन हवाई सेवाएं राज्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होने जा रही हैं, इन सेवाओं से पर्यटन एवं आर्थिक विकास को गति मिलने के साथ ही सीमांत क्षेत्र पिथौरागढ़ की जनता को देश की राजधानी तक पहुंचने के लिए नया और बेहतर विकल्प मिलेगा। इन सेवाओं से आपातकालीन और आपदा प्रबंधन कार्यों में भी गति आएगी।
हेली सेवा शुरू होना राज्य के लिए उपलब्धि
गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने देहरादून से गौचर एवं देहरादून से जोशियाड़ा हेली सेवा और दिल्ली से पिथौरागढ़ के बीच हवाई सेवा की वर्चुअल शुरुआत की। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि क्षेत्रीय हवाई संपर्क योजना के तहत देहरादून के सहस्रधारा से उत्तरकाशी के जोशियाड़ा और चमोली के गौचर के लिए हेली सेवा शुरू होना राज्य के लिए उपलब्धि है। इन हेली सेवाओं के शुरू होने से जोशियाड़ा की यात्रा 40 मिनट और गौचर की हेली यात्रा 50 मिनट में पूरी की जा सकेगी। उन्होंने कहा कि कुछ वर्ष पूर्व प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आम आदमी को हवाई यात्रा के लिए सक्षम बनाने के उद्देश्य से दूरदर्शी उड़ान योजना की शुरुआत की थी। इस योजना ने उत्तराखंड में भी हवाई सेवा को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
किया जा रहा 18 हेलीपोर्ट का निर्माण
उन्होंने कहा कि राज्य में इस योजना के तहत 18 हेलीपोर्ट का निर्माण किया जा रहा है। इनसे से 10 से हेली व हवाई सेवाएं सफलतापूर्वक संचालित की जा रही हैं। इनमें श्रीनगर, हल्द्वानी, मुनस्यारी, पिथौरागढ़, पंतनगर, चंपावत और अल्मोड़ा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को सफलतापूर्वक जोड़ा जा चुका है। आने वाले समय में भी राज्य के अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों को इससे जोड़ा जाएगा। इन सेवाओं के शुरू होने से न केवल ग्रामीण क्षेत्रों में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय व्यवसाय, होमस्टे और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने कहा कि हवाई संपर्क की महत्ता को समझते हुए सरकार घरेलू उड़ानों को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान दे रही है। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल, सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, विधायक उमेश शर्मा काऊ, प्रमुख सचिव आरके सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, मुख्य कार्यकारी अधिकारी यूकाडा सोनिका, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी दयानंद सरस्वती के अलावा वर्चुअल माध्यम से पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा भी उपस्थित थे।
You may also like
-
2 जुलाई को उत्तराखंड के 13 जिलों में होगी मानसून मॉक ड्रिल, 70 स्थानों पर परखी जाएंगी तैयारियां
-
VHP मार्गदर्शक मंडल की बैठक में लिए गए अहम फैसले, इन मुद्दों पर कानून बनाने की मांग
-
बहुराष्ट्रीय FMCG कंपनी पर लगा 3 लाख का जुर्माना निरस्त, ‘महा वैल्यू’ को झूठा-भ्रामक संदेश साबित नहीं कर पाया अभियोजन
-
पशुपालकों की आमदनी के खुलेंगे द्वार, उत्तराखंड बनने जा रहा देश का पहला राज्य
-
उत्तराखंड में कल 21,000 से ज्यादा अभ्यर्थी देंगे NEET री-एग्जाम, बसों में फ्री यात्रा की सुविधा